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गोंदिया | प्रतिनिधि
गोंदिया जिले की जिला परिषद एवं अनुदानित प्राथमिक शालाओं में दिए जा रहे पीएम पोषण (मध्याह्न भोजन) योजना के अंतर्गत विद्यार्थियों को वितरित किए जा रहे पोषण आहार की गुणवत्ता पर कांग्रेस नेताओं ने गंभीर सवाल उठाए गए हैं। कांग्रेस के पूर्व विधायक दिलीप बंसोड़ ने पत्र परिषद लेकर आरोप लगाया गया है कि जुलाई एवं अगस्त माह में आपूर्ति किए गए चावल, चना, तुअर दाल, मटकी, मूंग, मिर्च पाउडर, बटाणा एवं चवली जैसे खाद्यान्न निकृष्ट स्तर के हैं तथा कई स्थानों पर बच्चों के खाने योग्य नहीं पाए गए।
पूर्व विधायक दिलीप बंसोड़ ने पत्रकारों के समक्ष मिडडे मिल योजना के तहत स्कूलों में आपूर्ति होने वाली सामग्री, अनाज के नमूने सामने रखे। सभी सामग्री निकृष्ट और जानवरों के खाने योग्य भी नही थी। उन्होंने बताया कि खाद्य पदार्थों के ये नमूनें जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी को भी दिखाए गए तथा जांच के लिए भेजे गए हैं। उन्होंने कहा, यदि समय रहते इस मामले में कार्रवाई नहीं हुई तो हजारों विद्यार्थियों के स्वास्थ्य पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है।
पत्र परिषद के माध्यम से उन्होंने पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच हेतु एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढे को पत्र लिखकर दोषी अधिकारियों एवं संबंधित ठेकेदार के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग कर, आपूर्ति का ठेका तत्काल निरस्त करने, निकृष्ट गुणवत्ता का खाद्यान्न उपलब्ध कराने के मामले में एफआईआर दर्ज करने की मांग की। उन्होंने 7 दिन के भीतर, सभी स्कूलों से निकृष्ट खाद्यान्न की सप्लाई उठाने, कार्रवाई करने की मांग की अन्यथा वे इस मामले को आंदोलनात्मक तरीके से करने के संकेत दिए है।
पूर्व विधायक दिलीप बंसोड़ ने कहा, इस जिले की स्कूलों में मिडडे मिल खाद्यान आपूर्ति करने का ठेका किसी श्रीहरि राईस मिल को दिया गया है। जिले में ऐसी कोई राइस मिल होगी शायद हमें नही लगता। खास बात ये है कि जो राइस मिल ये सब खाद्यान्न तैयार नही कर सकती उस राइस मिल को ठेका देना कितना उचित है। सरकार से रुपया लेकर बच्चों को निकृष्ट अनाज की आपूर्ति करना उन्हें पोषित नहीं, कुपोषित करने का खिलवाड़ किया जा रहा है।
इस पत्र परिषद में विभिन्न सामाजिक संगठनों एवं पदाधिकारियों के साथ ही पूर्व विधायक दिलीप बन्सोड, वंदना काळे, अध्यक्ष महिला काँग्रेस, ऍड योगेश अग्रवाल ‘बापू’ (केंद्रीय अध्यक्ष, अखिल भारतीय बापू युवा संगठन, गोंदिया), शिव नागपुरे (लोधी समाज), राजकुमार पप्पू पटले (अध्यक्ष, ओबीसी महासंघ, गोंदिया), लक्ष्मीनारायण दुबे, राजू काळे आदि उपस्थित रहे।
